
अयोध्या समाचार: दिव्यांग बच्चों की लोक चित्रकला प्रदर्शनी ने जीता दिल, 10 दिवसीय कार्यशाला का भव्य समापन
अयोध्या। उत्तर प्रदेश लोक एवं जनजाति संस्कृति संस्थान, लखनऊ तथा अखिल भारतीय दिव्यांग जन कल्याण समिति के संयुक्त तत्वावधान में सृजन कार्यक्रम के अंतर्गत मंद-बुद्धि एवं मूक-बधिर विद्यालय, तुलसीनगर में आयोजित 10 दिवसीय लोक चित्रकला कार्यशाला का रविवार को भव्य समापन हुआ। इस अवसर पर दिव्यांग बच्चों द्वारा तैयार लोक चित्रकला एवं हस्तनिर्मित कलाकृतियों की प्रदर्शनी लगाई गई, जिसे अतिथियों और अभिभावकों ने सराहा।
समारोह के मुख्य अतिथि महंत पंजाबी मंदिर के महंत पवन दास महाराज तथा अध्यक्षता परमहंस आश्रम के महंत राम उजागर दास महाराज ने की। दोनों संतों ने प्रतिभागी बच्चों को प्रमाण-पत्र एवं पुरस्कार प्रदान कर उनका उत्साहवर्धन किया।महंत पवन दास महाराज ने कहा कि कला प्रतिभा को अभिव्यक्त करने का सशक्त माध्यम है। दिव्यांग बच्चों को अवसर और प्रोत्साहन मिले तो वे समाज में अपनी अलग पहचान बना सकते हैं।
उन्होंने बच्चों की कलाकृतियों की प्रशंसा करते हुए भारतीय लोक कला को सांस्कृतिक विरासत का महत्वपूर्ण हिस्सा बताया।
प्रशिक्षिका दीपा सिंह एवं वाणी शुक्ला ने बताया कि कार्यशाला में बच्चों को लोक चित्रकला, रंग संयोजन, रेखांकन, हस्तकला और भारतीय लोक संस्कृति से जुड़ी विभिन्न विधाओं का प्रशिक्षण दिया गया। उन्होंने कहा कि कार्यक्रम का उद्देश्य दिव्यांग बच्चों की रचनात्मक प्रतिभा को मंच प्रदान कर उन्हें आत्मनिर्भरता की ओर प्रेरित करना है।
कार्यक्रम में विद्यालय के प्रबंधक डॉ. प्रदीप कुमार तिवारी, प्रधानाचार्य अंकित मिश्रा, शरद तिवारी, दिनेश राय, विकास पांडे, सरिता शर्मा, रानी श्रीवास्तव सहित बड़ी संख्या में अभिभावक एवं गणमान्य नागरिक मौजूद रहे। अंत में सभी प्रतिभागियों को सम्मानित कर राष्ट्रगान के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ।
